मनरेगा (अब वीबी-जी राम जी) — विकसित भारत रोज़गार और आजीविका मिशन की गारंटी (ग्रामीण)
मनरेगा (MGNREGA) अब वीबी-जी राम जी — गाँव के हर परिवार को साल में 125 दिन के रोज़गार की क़ानूनी गारंटी। पुराना जॉब कार्ड 31 दिसंबर 2026 तक चलेगा।
मुख्य लाभ · Main Benefit
साल में 125 दिन के रोज़गार की क़ानूनी गारंटी, राष्ट्रीय न्यूनतम मज़दूरी ₹300 प्रति दिन, और मज़दूरी 3 दिन के अंदर सीधे खाते में।
मनरेगा (MGNREGA) अब वीबी-जी राम जी (VB-G RAM G) है — पूरा नाम विकसित भारत – रोज़गार और आजीविका मिशन की गारंटी (ग्रामीण)। सरकारी बातचीत में इसे "जी-राम-जी" भी कहा जाता है।
अगर आपके पास e-KYC वाला मनरेगा जॉब कार्ड है, तो वह 31 दिसंबर 2026 तक मान्य है। इसी बीच नए ग्रामीण रोज़गार गारंटी कार्ड बनाए जा रहे हैं। घबराने की, या किसी को पैसे देकर "कार्ड बदलवाने" की कोई ज़रूरत नहीं है।
मनरेगा अधिनियम, 2005 को हटाकर विकसित भारत – रोज़गार और आजीविका मिशन की गारंटी (ग्रामीण) अधिनियम, 2025 लाया गया (अधिनियम संख्या 36, वर्ष 2025)। यह पूरे देश में 1 जुलाई 2026 से लागू है।
| मनरेगा (2005) | वीबी-जी राम जी (अभी) | |
|---|---|---|
| गारंटीड काम | 100 दिन प्रति वर्ष | 125 दिन प्रति वर्ष |
| मज़दूरी | राज्य के अनुसार तय | ₹300 प्रति दिन का राष्ट्रीय न्यूनतम, इससे कम नहीं |
| भुगतान | बैंक या डाकघर खाते में | 3 दिन के अंदर DBT से |
बाक़ी बातें पहले जैसी ही हैं। काम अब भी लिखित में माँगना होता है, गारंटी परिवार को मिलती है, और तय समय में काम न मिलने पर बेरोज़गारी भत्ते का प्रावधान है। मज़दूरी नक़द नहीं, सीधे आपके बैंक या डाकघर खाते में आती है।
योजना का पोर्टल अब vbgramg.dord.gov.in है।
कौन ले सकता है फ़ायदा:
ध्यान दें:
मदद के लिए ग्राम पंचायत कार्यालय या रोज़गार सहायक से संपर्क करें।
मनरेगा बंद नहीं हुआ, उसका क़ानून और नाम बदला है। मनरेगा अधिनियम 2005 की जगह अब विकसित भारत रोज़गार और आजीविका मिशन की गारंटी (ग्रामीण) अधिनियम, 2025 लागू है, जिसे वीबी-जी राम जी या जी-राम-जी कहते हैं। यह 1 जुलाई 2026 से पूरे देश में लागू है।
अब हर ग्रामीण परिवार को एक वित्तीय वर्ष में कम-से-कम 125 दिन के रोज़गार की गारंटी है। पहले मनरेगा में यह 100 दिन थी। यह गारंटी पूरे परिवार के लिए है, हर सदस्य के लिए अलग-अलग नहीं।
हाँ। जिन मनरेगा जॉब कार्ड की e-KYC हो चुकी है, वे 31 दिसंबर 2026 तक मान्य हैं। इसी बीच नए ग्रामीण रोज़गार गारंटी कार्ड बनाए जा रहे हैं। आपको अभी कुछ करने की ज़रूरत नहीं, और कार्ड बदलवाने के नाम पर किसी को पैसे न दें।
राष्ट्रीय न्यूनतम मज़दूरी ₹300 प्रति दिन है, यानी इससे कम नहीं मिलेगी। आपके राज्य की मौजूदा दर vbgramg.dord.gov.in पर या ग्राम पंचायत से पता की जा सकती है। मज़दूरी 3 दिन के अंदर सीधे बैंक या डाकघर खाते में आती है।
अपनी ग्राम पंचायत में आधार और बैंक या डाकघर खाते की जानकारी के साथ आवेदन दें। जॉब कार्ड बनवाने का कोई शुल्क नहीं है। मदद के लिए रोज़गार सहायक से संपर्क करें।
काम की माँग हमेशा लिखित में करें और तारीख़ वाली रसीद ज़रूर लें। तय समय में काम न मिलने पर बेरोज़गारी भत्ते का प्रावधान है, और उसका दावा इसी रसीद के आधार पर बनता है।
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